October 17, 2021

My UP News

My UP NEWS

फर्जी सर्टिफिकेट पर नौकरी कर रहे शिक्षक और लेखाधिकारी समेत 17 के खिलाफ केस दर्ज

देवरिया (डीवीएनए)। उत्तर प्रदेश के देवरिया जनपद में फर्जी प्रमाण पत्र पर नौकरी करने वाले दर्जन भर शिक्षकों व बीएसए कार्यालय के वित्त एवं लेखाधिकारी समेत 17 लोगों के विरुद्ध कोतवाली पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया है। इसमें बीएसए कार्यालय के कुछ कर्मचारी भी हैं। देवरिया सदर कोतवाली पुलिस ने एसटीएफ इंस्पेक्टर की तहरीर पर कार्रवाई की है।
बता दें देवरिया जिले के कुछ परिषदीय विद्यालयों में बड़े पैमाने पर कूट रचित फर्जी प्रमाण पत्रों के सहारे शिक्षकों की नियुक्ति कुछ वर्ष पूर्व हुई थी। भाजपा की सरकार बनते ही इसकी जांच पूरे प्रदेश में शुरू हो गई। पिछले 4 वर्षों से गोरखपुर एसटीएफ मंडल के सभी जिलों में फर्जी प्रमाणपत्रों के आधार पर हुई नियुक्तियों की जांच कर रही है। देवरिया में एसटीएफ अभी तक दर्जनों शिक्षकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करा गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। एसटीएफ की जांच में बीएसए कार्यालय के कर्मचारी व लेखाधिकारी फर्जी प्रमाण पत्र पर नौकरी करने वाले शिक्षकों पर मेहरबान दिखे।
उन्होंने फर्जी सत्यापन के आधार पर ही संदिग्ध शिक्षकों के वेतन का भुगतान कर दिया। वहीं डिस्पैच में भी कूट रचित कर तिथि अंकित की गई थी। जांच शुरू हुई तो आफिस रिकॉर्ड के कुछ पन्ने भी फाड़ दिए। एसटीएफ इंस्पेक्टर ने इसे गंभीरता से लेते हुए सदर कोतवाली में तहरीर दी। कोतवाली पुलिस ने मामले में बीएसए कार्यालय के वित्त एवं लेखाधिकारी समेत कई के विरुद्ध धारा 409, 419, 420, 467, 468, 471, 474, 120बी आईपीसी के तहत मुकदमा दर्ज किया है।
एसटीएफ की इस कार्रवाई से शिक्षा महकमे में हड़कंप मच गया है। इस संबंध में पुलिस अधीक्षक ने बताया कि देवरिया जनपद के शासकीय विद्यालयों में शिक्षकों की नियुक्ति को लेकर एसटीएफ जांच कर रही है। जांच में 17 अध्यापकों ने लिपिकों के सहयोग से कूट रचना कर गलत तरीके से नौकरी हथिया ली। इस अवैध कार्य में इनके विरुद्ध केस दर्ज कर टीम गठित करते हुए तेजी से जांच कराई जा रही है। अभी और लोगों के पकड़ में आने की संभावना है।

Auto Fatched From DVNA