July 24, 2021

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जनता की बातों को ध्यान से सुनें अधिकारी: नन्दी

लखनऊ (डीवीएनए)। उत्तर प्रदेश के नागरिक उड्डयन, अल्पसंख्यक कल्याण, राजनैतिक पेंशन मुस्लिम वक्फ एवं हज मंत्री व प्रयागराज शहर दक्षिणी विधायक नन्द गोपाल गुप्ता श्नंदी्य ने आज प्रयागराज निरीक्षण भवन में कानून व्यवस्था, राजस्व, कोविड -19 के नियंत्रण एवं अन्य विकास कार्यों को लेकर विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। जिसमें उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि जनता की बातों को ध्यान से सुना जाए और उनकी समस्याओं के निस्तारण में तनिक भी हीलाहवाली बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
मंत्री नंदी ने कोरोना वायरस के संभावित तीसरी लहर के मद्देनजर स्वास्थ्य सुविधाओं के बारे में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से जानकारी ली। मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. एसपी सिंह ने बताया कि 1066 बेड ैत्छ में उपलब्ध हैं। वहीं 100 पीआईसीयू बेड उपलब्ध है, जहां सारी दवाएं उपलब्ध है। ऑक्सीजन की भी कोई कमी नहीं है। 20000 लीटर के दो टैंकर ैत्छ में मौजूद हैं। वैक्सीनेशन के बारे में बताया गया कि 15 से 16 हजार लोगों को ग्रामीण इलाकों में प्रतिदिन टीकाकरण कराया जा रहा है, प्रयागराज में इस समय कुल 17 ऑक्सीजन प्लांट क्रियाशील है।
मंत्री नन्दी ने जनपद प्रयागराज में कई जगह सड़कें, टाइल्स टूटने की शिकायत पर अधिकारियों से जानकारी ली, जिस पर बताया गया कि आठ रोड बन गई है। पांच रोड बनाने का काम चल रहा है। शहर की सफाई व्यवस्था को लेकर नगर निगम के पर्यावरण अधिकारी डॉ उत्तम वर्मा से जानकारी ली गई, उन्होंने बताया कि 65 वार्डों में डोर टू डोर कूड़ा कलेक्शन का काम चल रहा है जल्द ही 20 और वार्डों में काम शुरू हो जाएगा। मंत्री नन्दी ने कानून व्यवस्था को और बेहतर बनाने के निर्देश दिए। मंत्री नंदी ने कहा कि ट्रैफिक रूल तोडने पर लोगों का चालान किया जाए, लेकिन किसी के साथ बुरा बर्ताव न किया जाए, गंभीर मामलों का उच्च अधिकारी स्वयं परीक्षण करें। साथ ही शहर के प्रत्येक बाजारों में फुट पेट्रोलिंग चैकी इंचार्ज स्तर पर जरूर कराई जाए, ताकि पुलिस का डर अपराधियों में बना रहे।
मंत्री नंदी ने कहा कि अपराधियों पर सरल कार्रवाई हो, यह अधिकारी सुनिश्चित करें। अपराधिक मामलों में न्यायालय में पैरवी और बेहतर तरीके से की जाए, ताकि अपराधी छूटने न पाए। उन्होंने कहा कि एफआईआर दर्ज करने में लापरवाही ना हो। लोगों को एफआईआर के लिए थानों का चक्कर न लगाना पड़े, यह सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि थाने का औचक निरीक्षण होता रहे, जिससे कर्मचारियों कार्यशौली में सुधार हो। वरासत अंकित कराने के लिए महीनों चक्कर लगाने पड़ते हैं, ऐसा ना हो। उन्होंने कहा कि अब हर महीने शहर में होने वाले विकास कार्यों एवं जनता की शिकायतों के निस्तारण की समीक्षा की जायेगी और अभियान चलाकर वरासत के मामलों का निस्तारण कराया जाए। 35 दिन में दाखिल खारिज हो यह सुनिश्चित किया जाए। सीमांकन के मामलों का भी त्वरित निस्तारण हो। स्मार्ट सिटी का कितना पैसा लगा, कितना खर्च हुआ, कितने काम हुए इसका विवरण बनाया जाए।

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